eXclusive : विधानसभा घेराव करने जा रहे पंचायत सचिव अभ्यर्थी को पुलिस जीप ने जान बूझ कर मारा धक्का, अभ्यर्थी गुलाम हुसैन का सिर फटा और हाथ फ्रैक्चर,रिम्स रेफर, हालत गंभीर
NEWS DESK, NATION EXPRESS, RANCHI
विधानसभा का घेराव करने पहुंचे पंचायत सचिव अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज किया गया. इस लाठीचार्ज में पंचायत सचिव अभ्यर्थी गुलाम हुसैन का सिर फट गया. इसके बाद उसे प्राथमिक उपचार के लिए वैलनेस सेंटर भेजा गया वहां से उसे रिम्स रेफर कर दिया गया.
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2017 से चल रही है प्रक्रिया
अभ्यर्थी गुलाम हुसैन, विश्वजीत कुमार ने कहा कि वर्ष 2017 से झारखंड कर्मचारी चयन आयोग द्वारा नियुक्ति प्रक्रिया चलायी जा रही है. सितंबर 2019 में सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन के बाद आयोग द्वारा रिजल्ट का प्रकाशन नहीं किया गया.
झारखंड पंचायत सचिव अभ्यर्थियों का कहना है कि अभ्यर्थियों का सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन होने के बावजूद सरकार और आयोग के सुस्त रवैया के कारण अब तक रिजल्ट का प्रकाशन नहीं किया गया है.


4948 अभ्यर्थियों का डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन
अभ्यर्थियों ने बताया कि मई 2017 में आयोग ने 3088 पदों पर नियुक्ति के लिए पंचायत सचिव तथा निम्नवर्गीय लिपिक का विज्ञापन प्रकाशित किया था. विज्ञापन में दो तरह के नियम थे. एक तरफ 13 अनुसूचित जिले जिसे वहीं के स्थानीय निवासी के लिए शत प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान था, जबकि दूसरी तरफ 11 गैर अनुसूचित जिले व राज्य स्तरीय पदों के लिए पूरे भारत के निवासी फॉर्म भरने के लिए पात्र माने गये थे. लिखित परीक्षा 2018 के जनवरी-फरवरी माह में विभिन्न तिथियों में आयोजित की गयी थी. लिखित परीक्षा में उत्तीर्ण वैसे सभी अभ्यर्थियों का कंप्यूटर ज्ञान एवं हिंदी टंकण परीक्षा लिया गया था. इसमें उत्तीर्ण 4948 अभ्यर्थियों का डॉक्यूमेंट वेरीफिकेशन सितंबर 2019 में किया गया था. रिजल्ट प्रकाशन के लिए अभ्यर्थियों ने झारखंड हाइकोर्ट में याचिका भी दायर की. हाइकोर्ट के आदेश के बाद आयोग ने तार्किक आदेश पारित किया. इसके बाद अभ्यर्थियों ने अवमानना याचिका दायर की है, जिसकी सुनवाई चल रही है. जुलाई 2021 में आयोग ने रिजल्ट निकालने के लिए कार्मिक विभाग को विकल्प देते हुए मार्गदर्शन मांगा था. कार्मिक विभाग ने आयोग को अब तक मार्गदर्शन नहीं दिया है.

मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह
झारखंड पंचायत सचिव व निम्न वर्गीयलिपिक प्रतियोगिता परीक्षा-2017 के अभ्यर्थियों का कहना था कि ऐसा लगता है कि अभ्यर्थियों का सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन होने के बावजूद सरकार और आयोग के रवैया के कारण अब तक रिजल्ट का प्रकाशन नहीं किया गया है. अभ्यर्थियों ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया.
Report By :- MADHU SINGH, NEWS DESK, NATION EXPRESS, RANCHI