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गुलाब तूफान ने दी दस्तक, झारखंड के इन जिलों में 29 और 30 को हो सकती है भारी बारिश, येलो अलर्ट जारी
झारखंड के दक्षिणी क्षेत्र और मध्य क्षेत्र में 29 और 30 सितंबर को भारी बारिश हो सकती है. ,क्यों कि तूफान गुलाब को असर ओड़िशा में दिखने लगा है. गोपालपुर में तूफान टकराया और बारिश शुरू हो गयी है
बंगाल की खाड़ी में उठा चक्रवात ‘गुलाब’ रविवार शाम को आंध्र प्रदेश और ओडिशा के तट से टकराया. इसके प्रभाव के चलते तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश हो रही है. गुलाब चक्रवात (Cyclone Gulab Latest Updates) से पश्चिम बंगाल के साथ झारखंड के भी प्रभावित होने का पूर्वानुमान है. भारतीय मौसम विभाग (India Meteorological Department) ने चक्रवात के प्रभाव से झारखंड में मध्यम दर्जे की बारिश होने का अलर्ट जारी किया है. इस दौरान आसमान में बादल छाए रहने की बात कही गई है. बता दें कि बंगाल की खाड़ी में लगातार निम्न दबाव का क्षेत्र बनने से प्रदेश में पिछले कुछ हफ्तों से कुछ अंतराल के बाद बारिश हो रही है. इससे नदी-नाले उफान पर हैं और बड़े-बड़े डैम में पानी लबालब भर गया है.
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रांची मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, झारखंड के दक्षिणी और मध्य जिलों में बारिश हो सकती है. इसको लेकर अलर्ट जारी किया गया है. मौसम विज्ञानियों ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में एक और निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है. इसके प्रभाव से झारखंड में 29 और 30 सितंबर को मूसलाधार बारिश को लेकर दूसरा अलर्ट भी जारी किया गया है. बंगाल की खाड़ी में पिछले कुछ सप्ताह से लगातार निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है. इसके असर से नियमित अंतराल पर बारिश भी हो रही है. पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में नया निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है. मौसम विभाग की मानें तो 29 सितंबर को यह पश्चिम बंगाल की तट से टकरा सकता है. इसके चलते इस सप्ताह झारखंड में मूसलाधार बारिश होने की संभावना है.
हटिया डैम बन सकता है परेशानी का सबब
तूफान के चलते अगर रांची में भारी बारिश हुई, तो हटिया डैम के सभी फाटकों से ओवरफ्लो होना शुरू हो जायेगा. इससे परेशानी बढ़ जायेगी. अभी सिर्फ गेट नंबर-3 से ओवरफ्लो हो रहा है. पेयजल स्वच्छता एवं जल संसाधन विभाग डैम का फाटक खोलने का प्रयास कर रहा है, लेकिन अब तक इसमें सफलता नहीं मिली है. अभी पानी निकालने की जो व्यवस्था है, उससे रोज लगभग आधा इंच पानी कम हो रहा है. बारिश न हो तो एक फीट जल स्तर कम होने में 12 से 15 दिन का समय लगेगा. इस बीच भारी बारिश हुई, तो स्थिति बिगड़ने की आशंका है.
प्रधानमंत्री ने मुख्यमंत्रियों को मदद का भरोसा दिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ओड़िशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाइएस जगन मोहन रेड्डी से बात की और चक्रवाती तूफान ‘गुलाब’ से उत्पन्न होने वाली किसी स्थिति से निबटने में केंद्र की ओर से मदद का भरोसा दिया.
आंध्र प्रदेश में दो मछुआरों की मौत, एक लापता
चक्रवाती तूफान ‘गुलाब’ की चपेट में आने से आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम जिले के रहने वाले दो मछुआरों की मौत हो गयी, जबकि एक लापता हो गया. वहीं, तीन अन्य मछुआरे सुरक्षित तट पर आने में सफल रहे हैं. इससे पहले, मौसम विभाग ने आंध्र प्रदेश के उत्तरी इलाकों और ओड़िशा के दक्षिणी इलाकों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया था. ओड़िशा में 3409 से अधिक लोगों को निकाला जा चुका है, जबकि 204 लोगों को शेल्टर होम भेजा गया है. वहीं, ओड़िशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने तूफान से उत्पन्न स्थिति की समीक्षा की है.
Report By :- ALISHA SINGH, WEATHER DESK, NATION EXPRESS, RANCHI